गलत नियत वालों को मौका और नहीं अब और नहीं
महिला सुरक्षा से समझौता और नहीं अब और नहीं
जागो हे भारत की बेटियों अब तो नींद से जागो तुम
अपनी सुरक्षा परम लक्ष्य हो मन में गांठ ये बांधो तुम
प्यार के नाम पे जिस्म का सौदा और नहीं अब और नहीं
कभी जो देखो गलत निगाहें पहली बार में टोको तुम
छुए जो कोई गलत हाथ तो वहीं उसी पल रोको तुम
लापरवाही में फिर धोखा और नहीं अब और नहीं
गलत नियत वालों को मौका और नहीं अब और नहीं
महिला सुरक्षा से समझौता और नहीं अब और नहीं
लेखक : राज कुमार









